West UP की खराब हो रही हवा, Muzaffarnagar देश का दूसरा सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर

बढ़ती ठंड, कोहरे और कूड़ा-पराली जलाने से वायु प्रदूषण की स्थिति वेस्ट यूपी में खराब है। ग्रैप लागू होने के बावजूद ​स्थिति पर नियंत्रण नहीं हो रहा। मुजफ्फरनगर देश का दूसरा सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर रहा तो ग्रेटर नोएडा तीसरे स्थान पर है।

0
106

मेरठ/मुजफ्फरनगर। बदलते मौसम (Weather Change) और कूड़ा-पराली (Parali) जलाने से बढ़े प्रदूषण (Air Pollution) ने वेस्ट यूपी (West UP) की हवा (Air) ​बिगाड़ कर रख दी है। पिछले 24 घंटे में मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) देश का दूसरा सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर (Polluted City) हो गया है। यहां का एक्यूआई 341 (AQI) रहा तो ग्रेटर नोएडा (Greater Noida) 330 एक्यूआई के साथ तीसरा सबसे प्रदूषित शहर रहा। वेस्ट यूपी के कई शहरों (West UP Cities) में पानी की बौछार करके प्रदूषित हवा को कंट्रोल (Pollution Control) करने की कवायद चल रही है। ​आने वाले समय में और ज्यादा हवा खराब रहने का अनुमान जताया गया है। मेरठ (Meerut) में भी एक्यूआई 300 के आसपास चल रहा है।

वेस्ट यूपी का ये हाल तब है जब ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप) लागू कर दिया गया है। कोरोना काल में लॉकडाउन के दौरान वेस्ट यूपी ही नहीं पूरे देश की हवा शुद्ध हो गई थी और वायु प्रदूषण बिल्कुल खत्म हो गया था, लेकिन अनलॉक में तस्वीर बिल्कुल बदल गई है। सड़कों पर दौड़ता वाहनों का रेला और औद्योगिक इकाइयों के चलने के बाद वायु प्रदूषण में बढ़ोतरी होने लगी है। शनिवार को भी जनपद रेड जोन में शामिल रहा। एक्यूआई में औसत स्तर पर पीएम-2.5 माइक्रोग्राम प्रतिघन मीटर में 357 दर्ज किया है, जबकि अधिकतम 484 तक पहुंचा है। यह बहुत ही खतरनाक स्थिति है। ऐसे माहौल में सांस लेना भी मुश्किल हो सकता है। तमाम स्थितियों को देखने के बाद अधिकारियों ने भोपा रोड, रेलवे रोड पर पानी की बौछार कराई। लोगों को भी कूड़ा नहीं जलाने की हिदायत दी गई है। क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी अंकित सिंह का कहना है कि रेलवे रोड, तहसील क्षेत्र और भोपा रोड पर पीएम-2.5 माइक्रोग्राम प्रतिघन मीटर 110 और पीएम-10 की मात्रा 235 आई है। नगर निकायों, एमडीए के साथ कृषि, परिवहन विभाग को ग्रैप के साथ जोड़ा गया है।

इधर, मेरठ में भी पिछले पांच दिन से हवा खराब हुई है। देश के टॉप थ्री शहरों में खराब वायु में शामिल रहे मेरठ में भी एक्यूआई 300 के आसपास चल रहा है। ग्रेटर नोएडा, बागपत, बुलंदशहर, हापुड़ शामली, मुजफ्फरनगर, ​सहारनपुर, संभल, अमरोहा, रामपुर में भी वायु प्रदूषण में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। जहरीली हवा होने के कारण लोगों को सांस लेने में भी परेशानी हो रही है। सांस, दमा, टीबी के मरीजों के लिए यह हवा स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है।

Google search engine

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here