Exclusive: Nagar Nigam का गड़बड़झाला! एक नाम पर जारी किए जा रहे कई-कई Birth Certificate

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मेरठ। अपने तमाम गड़बड़झालों के लिए बदनाम मेरठ नगर निगम ( Meerut Nagar Nigam ) का एक और बड़ा कारनामा सामने आया है। मेरठ नगर निगम के जन्म मृत्यू अनुभाग ( Birth death section ) में प्रमाण पत्र बनाने का खुला खेल चल रहा है। आलम यह है कि नियम कायदों से बेपरवाहा बाबू एक दिन में एक ही बच्चे के कई-कई प्रमाण पत्र जारी कर, सिस्टम की खिल्ली के उड़ा रहे हैं। हाल तो यह है कि निगम के आला अधिका​री भी इस तरह के प्रमाण पत्रों पर आंख मूंद कर अपनी स्वीकृति दे रहे हैं, जिससे नगर निगम और उत्तर प्रदेश सरकार ( UP Government )  दोनों की ही छवि धूमिल हो रही है।

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आखिर कैसे बने दो प्रमाण पत्र?

ताजा मामला जन्म मृत्यू लिपिक दिनेश सिंह से जुड़ा हुआ है। दरअसल, नगर निगम कार्यालय में तैनात जन्म मृत्यू लिपिक दिनेश सिंह ने पिछले दिनों एक ही बच्चे के दो जन्म प्रमाण पत्र जारी किए हैं। मजे की बात यह है कि दोनों ही प्रमाण पत्रों के लिए एक दिन आवेदन किया गया था। ​संबंधित लिपिक ने इस मामले की जांच किए बिना एक ही बच्चे के दो जन्म प्रमाण पत्र जारी कर दिए। यहां खास बात यह है कि दोनों ही प्रमाण पत्रों की पंजीकरण संख्या भी अलग-अलग है। प्रमाण पत्रों में हो रही इस धांधली के बारे में जब दिनेश सिंह का वर्जन लिया गया तो उन्होंने कहा कि प्रमाण पत्रों में इस तरह की कमियां होना आम बात है। एक ही बच्चे के दो प्रमाण पत्र अक्सर बन जाते हैं। ऐसी स्थिति में जानकारी लगने पर एक को निरस्त कर दिया जाता है।
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Nagar Nigam में धांधली का खेल पुराना

नगर निगम में जिस बच्चे के दो जम्न प्रमाणपत्र जारी किए गए उसका नाम अनुज सिंह पुत्र कमल सिंह। अनुज सिंह जयदेवी नगर का रहने वाला है। दोनों की पंजीकरण संख्या भी अलग-अलग है। वही, नगर निगम लिपिक की इस सफाई के आगे योगी सरकार द्वारा किया गया सिस्टम में पार​दर्शिता का दावा झूठा जान पड़ रहा है। नगर निगम से जुड़े सूत्रों की मानें तो एक नाम से बने दो प्रमाण पत्रों का गलत फायदा उठाया जा सकता है।

क्या कहतें हैं अधिकारी—

एक ही कार्यालय से एक नाम पर दो सर्टिफिकेट जारी किया जाना गैर-कानूनी है। इस प्रकरण की गंभीरता से जांच कराई जाएगी। अगर किसी स्तर पर गड़गड़ी हुई है तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

डॉ. गजेंद्र सिंह
नगर स्वास्थ्य अधिकारी
नगर निगम, मेरठ

मेरे संज्ञान में फिलहाल यह मामला नहीं है। अगर किसी स्तर पर कोई गड़बड़ी हुई है तो उसकी जांच कराई जाएगी। दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगीं

डॉ. अरविंद कुमार चौरासिया
नगर आयुक्त, मेरठ

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